{"product_id":"khurduri-hatheliyan-9788119989515","title":"Khurduri Hatheliyan","description":"\u003cp\u003e • Author(s): Anamika\u003cbr\u003e • Publisher: Radhakrishna Prakashan\u003cbr\u003e • Publisher Imprint: Radhakrishna Prakashan\u003cbr\u003e\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003c\/p\u003e\u003cp\u003eअनामिका की कविताएँ एक व्यापक अर्थ में गहरे वात्सल्य और हँसमुख दोस्त-दृष्टि की सधी अभिव्यक्तियाँ हैं। स्त्री के लेंस से वृहत्तर समाज की क्लिष्ट विडम्बनाएँ देखती-समझती इन कविताओं में एक महीन-सी परिहास वृत्ति भी है, गम्भीर क़िस्म की एक क्रीड़ाधर्मिता–सत्य को समग्रता में समझने की ईमानदार कोशिश!\u003c\/p\u003e\n\u003cp\u003eलोकरंग में रची-बसी इस समाद्रित स्त्री कवि की शब्द और बिम्ब-सम्पदा के स्रोत अनन्त हैं। यहाँ लोकजीवन का कोई अनूठा प्रसंग विश्व-साहित्य के किसी मार्मिक प्रसंग की उँगली पकडक़र उसी तरंग में उठता है जिसमें चेखव की ‘तीन बहनें’ उठती थीं। मिलकर देखे एक सपने का तबोताब है इनमें!\u003c\/p\u003e\n\u003cp\u003eमुहावरे, कहावतें, पढ़ा-सुना-भोगा हुआ– सब कुछ एक अलग कौंध में उजागर करती इन कविताओं में स्त्री-भाषा अपने पूरे ठस्से के साथ अपनी अलग-सी उपस्थिति दर्ज करती है।\u003c\/p\u003e","brand":"Radhakrishna Prakashan","offers":[{"title":"Paperback","offer_id":45285643419799,"sku":"9788119989515","price":175.0,"currency_code":"INR","in_stock":true}],"thumbnail_url":"\/\/cdn.shopify.com\/s\/files\/1\/0666\/3471\/1191\/files\/9788119989515.webp?v=1769283956","url":"https:\/\/atlanticbooks.com\/products\/khurduri-hatheliyan-9788119989515","provider":"Atlantic Books","version":"1.0","type":"link"}