{"product_id":"khwaabgah-mein-ret-9789347265747","title":"Khwaabgah Mein Ret","description":"\u003cp\u003e • Author(s): Mubashshir Saeed | Naeem Sarmad | Anuradha Sharma\u003cbr\u003e • Publisher: Radhakrishna Prakashan\u003cbr\u003e • Publisher Imprint: Radhakrishna Prakashan\u003cbr\u003e\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003cspan\u003eउर्दू शायरी में जिन नए शायरों के दस्तख़त बहुत मज़बूती के साथ अपनी जगह बनाते नज़र आते हैं, उनमें मुबश्शिर सईद का नाम ख़ास तौर पर शामिल है। वह कहीं सूफ़ियाना रक़्स के धीमेपन की तरह पढ़ने वाले को सुकून बख़्शते हैं तो कहीं किसी भड़कते हुए शोले की तरह अपनी लपट में पढ़ने वाले को लपेटने का हुनर रखते हैं। ‘ख़्वाबगाह में रेत’ मुबश्शिर सईद का पहला मजमूआ है और इसने अपनी मुनफ़रिद शैली की बुनियाद पर बहुत कम समय में शोहरत की बुलन्दियाँ तय की हैं। वह धीमे लहजे के शायर हैं और ग़ज़ल के हुनर पर गहरी पकड़ रखते हैं। उनकी शायराना सलाहियत जहाँ पढ़ने वाले को एक तरफ़ उर्दू की नई ग़ज़ल के चेहरे से वाक़िफ़ कराती है, वहीं इस सिन्फ़-ए-सुख़न की इक्कीसवीं सदी में बदलती हुई शक्ल से भी आशना करवाती है।\u003c\/span\u003e\u003c\/p\u003e","brand":"Radhakrishna Prakashan","offers":[{"title":"Paperback","offer_id":47716874354839,"sku":"9789347265747","price":139.0,"currency_code":"INR","in_stock":true}],"thumbnail_url":"\/\/cdn.shopify.com\/s\/files\/1\/0666\/3471\/1191\/files\/9789347265747.webp?v=1776940514","url":"https:\/\/atlanticbooks.com\/products\/khwaabgah-mein-ret-9789347265747","provider":"Atlantic Books","version":"1.0","type":"link"}