{"product_id":"media-ki-badalti-bhasha-9788180317041","title":"Media Ki Badalti Bhasha","description":"\u003cp\u003e • Author(s): Ajay Kumar Singh\u003cbr\u003e • Publisher: Lokbharti Prakashan\u003cbr\u003e • Publisher Imprint: Lokbharti Prakashan\u003cbr\u003e\u003c\/p\u003e\u003cp\u003e\u003c\/p\u003e\u003cp\u003eहिन्दी भाषा का जो स्वरूप आज हमारे सामने है, उसके निर्माण में लगभग एक हज़ार साल लगे हैं और हम दावे के साथ यह कहने की स्थिति में अब भी नहीं हैं कि यह स्वरूप आख़िरी या स्थिर है। सूचना प्रौद्योगिकी क्रान्ति के कारण मीडिया की हिन्दी भाषा के स्वरूप में निरन्तर परिवर्तन हो रहा है। आज हमें ऐसी हिन्दी भाषा की आवश्यकता है जो संस्कृत शब्दों से अलंकृत भी हो और अन्यान्य देशी-विदेशी भाषाओं के सरल, सहज और प्रचलित शब्दों से समृद्ध हो। पत्रकारिता के क्षेत्र में कार्य कर रहे व्यक्तियों एवं पत्रकारिता का प्रशिक्षण ले रहे विद्यार्थियों को भाषा का ज्ञान होना आवश्यक है। प्रस्तुत पुस्तक में मीडिया की बदलती हिन्दी भाषा का विश्लेषण कर ऐसी हिन्दी भाषा को स्थापित करने का प्रयास किया गया है, जो प्रौद्योगिकी के साथ मिलकर चले और आम जनमानस की भाषा बन सके।\u003c\/p\u003e","brand":"Lokbharti Prakashan","offers":[{"title":"Paperback","offer_id":45285565104279,"sku":"9788180317041","price":175.0,"currency_code":"INR","in_stock":true}],"thumbnail_url":"\/\/cdn.shopify.com\/s\/files\/1\/0666\/3471\/1191\/files\/9788180317041.webp?v=1769283762","url":"https:\/\/atlanticbooks.com\/products\/media-ki-badalti-bhasha-9788180317041","provider":"Atlantic Books","version":"1.0","type":"link"}