{"product_id":"rasayanik-tathya-vichitra-kintu-satya-9789383110643","title":"Rasayanik Tathya : Vichitra Kintu Satya","description":"\u003cp\u003e • Author(s): Sushila Rai\u003cbr\u003e • Publisher: Prabhat Prakashan Pvt. Ltd.\u003cbr\u003e • Publisher Imprint: Prabhat Prakashan Pvt. Ltd.\u003cbr\u003e • BISAC: Study \u0026amp; Test-Taking Skills\u003c\/p\u003e\u003cp\u003eभारत की रोप ट्रिक ने पूरे विश्‍व को असमंजस में डाला हुआ है । आज भी मेले- ठेलों में भारतीय कलाकार जादू-टोनों और बाजीगरी के अद‍्भुत कारनामों से परंपरागत लोक-विज्ञान की परिपाटी को सजीव रखे हुए हैं। डुगडुगी बजाता हुआ मदारी कठौती में आम और अदृश्य गंगा की धार निर्मित करता हुआ अपनी आजीविका कमाता है । जिज्ञासु बालमन में ये सभी करतब कौतूहल की वृद्धि करते रहते हैं और बालक सदा गुरुजनों एवं पुस्तकों से इनका उत्तर पाने के लिए लालायित रहता है ।यह पुस्तक रसायन विज्ञान से संबंधित तथ्यों को उजागर कर यह बताने का सार्थक प्रयास है कि विचित्र खेल-तमाशे जादू-टोने नहीं, बल्कि वैज्ञानिक तथ्यों को हाथ की सफाई के द्वारा दर्शकों के सामने प्रस्तुत करने का एक मनोहारी तरीका है । पुस्तक के माध्यम से अंधविश्‍वास, जादू-टोना और ठगी के कारनामों का परदाफाश तो होगा ही, साथ ही बच्चों का ज्ञानवर्धन तथा विज्ञान के प्रति रुचि भी बढ़ेगी । बच्चे व वयस्क घर बैठे कोई-न-कोई वैज्ञानिक प्रयोग करने के लिए सदा प्रेरित होंगे । और कौन ऐसा व्यक्‍त‌ि होगा, जो अपने ड्राइंगरूम में रंग- बिरंगा काँच का बगीचा न उगाना चाहेगा?\u003c\/p\u003e","brand":"Prabhat Prakashan Pvt. Ltd.","offers":[{"title":"Hardcover","offer_id":46839678926999,"sku":"9789383110643","price":210.0,"currency_code":"INR","in_stock":false}],"thumbnail_url":"\/\/cdn.shopify.com\/s\/files\/1\/0666\/3471\/1191\/files\/9789383110643.webp?v=1769162139","url":"https:\/\/atlanticbooks.com\/products\/rasayanik-tathya-vichitra-kintu-satya-9789383110643","provider":"Atlantic Books","version":"1.0","type":"link"}