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Bihar Ke Aitihasik Gurudware

by Subodh Kumar Nandan
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Book cover type: Paperback
  • ISBN13: 9789389471823
  • Binding: Paperback
  • Subject: N/A
  • Publisher: Prabhat Prakashan Pvt. Ltd.
  • Publisher Imprint: Prabhat Prakashan Pvt. Ltd.
  • Publication Date:
  • Pages: 104
  • Original Price: INR 200.0
  • Language: Hindi
  • Edition: N/A
  • Item Weight: 200 grams
  • BISAC Subject(s): N/A

बिहार प्राचीनकाल से ही संतों की कर्मभूमि रहा है। यही कारण है कि हजारों किलोमीटर की दूरी तय कर सिख धर्म के संस्थापक गुरु नानक देवजी (1506 ई.) तथा गुरु तेग बहादुरजी (1666 ई.) बिहार आए। जहाँ-जहाँ गुरुजी ने प्रवास किया, वहाँ बाद के वर्षों में अनुयायियों ने उनकी स्मृति में गुरुद्वारे या संगत का निर्माण कराया, जो सिखों के लिए आस्था के केंद्र बने, वहीं पटना में पौष सुदी सप्तमी संवत् 1723 तदनुसार 26 दिसंबर, 1666 ई. को गुरु गोबिंद सिंह का आविर्भाव हुआ।लेखक को यह पुस्तक लिखने के दौरान जानकारी मिली कि केवल पटना में ही ऐतिहासिक गुरुद्वारे नहीं हैं, बल्कि सासाराम, औरंगाबाद, गया, नवादा, मुंगेर, भागलपुर, कटिहार, पूर्णिया, वैशाली तथा राजगीर में भी अत्यंत प्राचीन व ऐतिहासिक गुरुद्वारे और संगतें हैं।इस पुस्तक का मुख्य उद्देश्य बिहार के ऐतिहासिक गुरुद्वारों की जानकारी समाज को देना है, ताकि अपनी समृद्ध परंपरा और मान्यताओं को हम जान सकें; उनके संरक्षण-संवर्धन के लिए जाग्रत् हो। बिहार राज्य में सिक्ख गुरुद्वारों एवं संगतों का प्रामाणिक तथा जानकारीपरक वर्णन इस पुस्तक में है। श्रद्धा-आस्था और विश्वास के केंद्र गुरुद्वारों का अत्यंत रोचक और विस्तृत विवरण।

सुबोध कुमार नंदनजन्म : 5 नवंबर, 1961 को पटना (बिहार) में।शिक्षा : एम.कॉम., पीजी डिप्लोमा इन जर्नलिज्म (पटना विश्वविद्यालय) ।कृतित्व : 'बिहार के पर्यटन स्थल और सांस्कृतिक धरोहर', 'बिहार के मेले' पुस्तकें तथा 1985 से देश-विदेश की प्रमुख पत्र- पत्रिकाओं में पर्यटन, पुरातत्त्व, कला- संस्कृति, पर्व-त्योहार, मेला आदि विषयों पर शताधिक रचनाएँ प्रकाशित एवं आकाशवाणी व दूरदर्शन पटना से प्रसारित ।साक्षात्कार : भारतरत्न उस्ताद बिस्मिल्ला खाँ, डॉ. भूपेन हजारिका, पंडित किशन महाराज, डॉ. एन. राजम, पंडित शिव कुमार शर्मा, गजल सम्राट् पंकज उधास, डॉ. राजन-साजन मिश्र, डॉ. विश्वमोहन भट्ट, नलिनी-कमलिनी, पद्मश्री तीजन बाई, मकबूल फिदा हुसैन, पद्मश्री गिरजा देवी, पंडित जसराज, पंडित हरि प्रसाद चौरसिया, प्रेरणा श्रीमली, वडाली बंधु आदि ।पुरस्कार-सम्मान : राहुल सांकृत्यायन पर्यटन पुरस्कार, पर्यटन सम्मान (पर्यटन विभाग, बिहार सरकार) ।कार्य : वरीय कॉपी राइटर, हिंदुस्तान (पटना व भागलपुर)संप्रति : सीनियर चीफ कॉपी राइटर, प्रभात खबर, पटना।

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